Published:
24 Mar 2026, 12:18 PM
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Updated:
24 Mar 2026, 12:21 PM
Category:
उत्तराखंड
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By: Admin
राजधानी देहरादून में अपनी जायज मांगों को लेकर नर्सिंग अभ्यर्थियों का धैर्य अब जवाब देने लगा है, लेकिन उनका हौसला अब भी बुलंद है। मंगलवार को यह आंदोलन अपने 110वें दिन में प्रवेश कर गया, जहाँ अभ्यर्थी कड़ाके की ठंड और खराब मौसम के बीच भी धरना स्थल पर जमे हुए हैं। अभ्यर्थियों की मुख्य मांग प्रदेश में वर्षवार भर्ती प्रणाली को पुनः बहाल करने की है, ताकि लंबे समय से रिक्त पड़े पदों पर वरिष्ठता के आधार पर नियुक्तियां मिल सकें। प्रदर्शनकारियों का तर्क है कि भर्ती प्रक्रिया में देरी के कारण हजारों योग्य युवा ओवरएज होने की कगार पर हैं, जिससे उनका भविष्य अंधकारमय नजर आ रहा है।
इस लंबे खींचते आंदोलन के बीच नर्सिंग एकता मंच के सदस्यों ने एक नई उम्मीद के साथ कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल से उनके शासकीय आवास पर शिष्टाचार भेंट की। स्वास्थ्य शिक्षा और चिकित्सा शिक्षा मंत्रालय की जिम्मेदारी मिलने पर उन्हें बधाई देने के साथ ही अभ्यर्थियों ने अपना मांग पत्र सौंपा। अभ्यर्थियों ने जोर देकर कहा कि IPHS मानकों के अनुरूप नर्सिंग पदों को नियमित वर्षवार प्रक्रिया से भरा जाना चाहिए ताकि पात्र युवाओं को न्याय मिल सके। विकास पुंडीर, प्रवेश रावत और सुजाता सहित अन्य प्रदर्शनकारियों ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि जब तक सरकार की ओर से कोई ठोस और सकारात्मक निर्णय नहीं लिया जाता, तब तक उनका यह शांतिपूर्ण संघर्ष जारी रहेगा।
